
जीवन में सफलता के लिए अनुशासन आवश्यक:-हिरण
गंगापुर, भीलवाड़ा, राजस्थान। अनुशासन के अभाव में कोई भी संगठन अधिक समय तक जीवित नहीं रह सकता। भारतीय सेना अनुशासित है इसलिए दुश्मन उससे थर्राता है। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ एक ऐसा संगठन जिसकी बुनियाद ही अनुशासन पर टिकी है। तेरापंथ धर्म संघ आज 250 वर्ष पश्चात भी अचल व अडिग खड़ा है तो उसके मूल में कठोर अनुशासन ही है। जो मर्यादा एवं अनुशासन की दीवार आचार्य भिक्षु ने निर्मित की, इस पर संपूर्ण तेरापंथ धर्म संघ टिका है।
उपर्युक्त विचार अणुव्रत सप्ताह के अंतर्गत अनुशासन दिवस के अवसर पर स्थानीय आलोक विद्या मंदिर स्कूल में बोलते हुए अणुव्रत प्रवक्ता रमेश हिरण ने व्यक्त किये।कार्यक्रम का संयोजन करते हुए अणुव्रत मंच सदस्या रेखा नौलखा ने बच्चों को अनुशासित रहकर विद्या ग्रहण करने की प्रेरणा दी। आलोक विद्या मंदिर के निदेशक दिनेश लक्षकार ने अणुव्रत सदस्यों का स्वागत किया और कहा ऐसे कार्यक्रम से बच्चों को सतत प्रेरणा मिलती है। मंच संयोजिका प्रीति रांका ने बच्चों को आसन व प्राणायाम का अभ्यास करवाया तथा कहा कि उनके नियमित प्रयोग से शरीर लचीला व मजबूत बनता है ।कार्यक्रम में विश्व हिंदू परिषद के जिला मंत्री घनश्याम सिंह राठौड़ व बजरंग दल के शोभा लाल जीनगर भी उपस्थित थे। अणुव्रत मंच के सदस्यों द्वारा अणुव्रत आचार संहिता का पट्ट विद्यालय को प्रदान किया गया ।
Reporter:- Dinesh Lakshkar




